Followers- From 17 May 2010.....'til today

Tuesday, October 5, 2010

स्प्रे कैन् में टी शर्ट

आ गया है विज्ञान  का एक नया आविष्कार .....
 जल्दी ही  आ जाएगा आपके शहर ..........
जी हाँ....अब यात्रा करते समय भारी-भरकम सूटकेस उठाने की जरूरत नहीं....बस एक कैन् ही काफ़ी है....जिस में होगा आपका पहनने वाला सामान। चौंक गए न...जी हाँ...अब आपकी टी-शर्ट है एक स्प्रे कैन् में....जब दिल चाहे कैन् खोलकर स्प्रे कर लीजिएगा ...और मन चाहे रंगों में टी-शर्ट पहन लीजिएगा  । इम्पीरियल कालेज लंदन के वैज्ञानिकों  ने  ऐसे तरल पदार्थ खोज निकालें हैं जिन का प्रयोग कपड़ा बनाने के लिए किया जा सकता है । इन तरल पदार्थों को अपने शरीर पर छिड़काव करने   के बाद यह सूखकर कपड़े की तरह बन जाते हैं ।     
अब देखें यह कैसे होता है ........ 
 डॉ. टौरर्स स्प्रे कैन् से छिड़कवा करते हुए.....थोड़ी गुदगुदी तो होगी ही.......
 तरल पदार्थ सूखने लगा है....देखिए क्रीज़ दिखने लगी है !
सफेद.....ऊँ...हूँ...कुछ अच्छा नहीं लगा....डॉ. साहिब टी-शर्ट को कुछ रंगीन बनाते हुए...........

 अरे वाह ! यह तो बन भी गई.....

 आप जब चाहें इसे उतार कर ....धोकर ....फिर से पहन सकते हैं....... 
 क्या कहा आप ने......आप नहीं मानते.....तो फिर वीडियो देख लीजिएगा....तसल्ली हो जाएगी..........
स्प्रे कैन् टी - शर्ट
आप भी पहनें



  
हरदीप संधु  

15 comments:

वन्दना said...

बस ये ना हो की शरीर पर उस स्प्रे का कोई साइड इफ़ेक्ट हो जाये अगर ऐसा नही होता तो बेहद कारगर है…………अभी कुछ दिन पहले ही पढा था पेपर मे इस बारे मे।

Shekhar Suman said...

vandana ji sahi kehti hain..
agar koi side effect na ho tab to bahut hi badhiya hai....

निर्मला कपिला said...

बधाईयाँ जी आपको। अरे वन्दना जी फैशन मे हम क्या कुछ नही कर रहे खाने की चीज़ें धदा धड खा रहे हैं उनमे कितना जहर है कौन देखता है। बस बच्चों को खुश रहने दीजिये।

Bhushan said...

इंसान ने क्या-क्या बना दिया. आश्चर्य है..हैरत है..

Bhushan said...

निर्मला जी की टिप्पणी गौर करने लायक है.

योगेन्द्र मौदगिल said...

wahwa....kya baat hai g...

ali said...

ऐसा ना हो कि हम कैन के भरोसे घर से निकलें और वो धोखा दे जाये :)

मतलब ये कि घर वाले यूज कर चुके हों और हम उसे भरा समझ कर बाहर निकल लें तो :)

डॉ टी एस दराल said...

यह तो वास्तव में ही चमत्कार है । आश्चर्यजनक ।

kshama said...

Mardon ke liye to bada aasaan hai...mahilaon ko apne kapde dhone hee honge apne saath!Waise kya,kya cheezen eejaad hoti rahtee hain! Kamal hai!

arvind said...

bahut hi anokhi jaankaari....badhiya post.

सहज साहित्य said...

विज्ञान के गुरु जी ! बहुत अच्छी जानकारी है । आगे भी इस तरह की जानकारी देकर हमें तरो ताज़ा रखेंगी ।

Udan Tashtari said...

वैज्ञानिक लोग जो न चमत्कार दिखा दें, कम है..वैसे इसमें बनेगी बॉडी फिट...और हम पहनते हैं थोड़ी ढीली..:) हमसे मोटा कहाँ ढूंढगे कि उसके शरीर पर टीशर्ट बना कर हम पहन लें. हा हा!

जानकारी बढ़िया रही.

Akanksha~आकांक्षा said...

वाह जी, बड़ी अच्छी जानकारी मिली..आगे-आगे देखिये होता है क्या...


__________________________
"शब्द-शिखर' पर जयंती पर दुर्गा भाभी का पुनीत स्मरण...

दिगम्बर नासवा said...

भाई विज्ञान है कुछ भी हो सकता है आजके ज़माने में ... मानने में ही भलाई है .... हमने तो मान लिया ...

देवेन्द्र पाण्डेय said...

..देखें इस उम्र में कितने विज्ञान के चमत्कार देखने का सौभाग्य प्राप्त होता है!